सोमवार, 29 नवंबर 2010

shadi

सारे देश मे शादियों कि धूम है अभी दीपावली के बाद ही हमारे देवतागण सो कर जो उठे है / ---------आदमी पैसा कमाता है तो उसे अपने ढ़ग से खर्च करने का  अधिकारी भी है / परन्तु हम सभी समाजिक प्राणी है हमे खर्च करने के अधिकार का उपयोग इस ढंग से करना चहिये कि हमारे पड़ोसी - नगर - समाज पर इस का क्या असर होगा / पैसो कि खनक में यह बात हमारे दिमाग तक नही पुहुच पाती है /

शनिवार, 27 नवंबर 2010

ghotala

 हमारे पास एक गोल्ड मेडल हमारी पदक तालिका मै 
 और होता काश घोटाला नाम का  कोई खेल भर होता -----इन घोटाले करने वालो कोई सरकार कानून कि आदलत मै क्यों नही घसीटती है आम आदमी यदि १००रु का बिजली का बिल ना भरे तो उसे जेल हो जाती है कामनवेल्थ घोटाला अपराधी शान से दिल्ली मै है ---आदर्श सोसायटी घोटाला कारगिल वीर शहीदों के कफन का सौदा कर ने वाले अभी भी शान से हमारे बीच रह रहे है जबकि उन्हें इस वक्त जेल में होना था --२जी घोटाला करने वाले राजा शान से अपनी राजधानी मद्रास में बिराजे है --------अब स्थिति और खतरनाक हो रही है ताजा ताजा घोटाला प्रसाशन+शासक+व्यापारी= लोन का है -----जब बागड़ ही खेत को खाने लगे तो उस खेत और उस के मालिक का क्या होगा

शुक्रवार, 26 नवंबर 2010

 -----------आज ही बिहार मे नितीश कुमार जी को फिर शासन करने का जनता ने आदेश दे दिया इन के चेहरे पर  ख़ुशी ठिकाना नही है भारतीय जनता पार्टी को  तो मानों पंख ही लग गये आसमान नापने बेताब है ----------------------जनता तो जनता है किसे कब गले लगा ले ओर किसे कब पटक दे -------लालू जी और पासवान जी से अच्छा कौन जानेगा ----------समय ही बलवान है सर झुका कर समय को सलाम करने मै ही सलामती है 

मंगलवार, 23 नवंबर 2010

हमारे प्रधानमंत्री जी२० मीटिग मै भाग लेकर वापिस स्वदेश आ गये  /  पर ये क्या यह तो पूरा का पूरा विपछ २जी को लेकर बवाल मचा रहा है जबकि पूरा देश ३जी की तरफ जा चुका है -- विदेश मै ४जी सेवा रिटायर होने की कगार पर है बवाल हो भी तो क्यों ना हमारे नेता तो १जी सेवा से भी पहले के है सच तो ये है कि कुछ  नेताओं को पता हि नही २जी ३जी ४जी सेवा होती क्या है किस वला का नाम है ये --------------------------------------- इस पूरे वबाल मै एक आवाज खोगई हमारे देश रत्न माननीय रतन जी टाटा की शायद पक्ष ओंर विपक्ष उचा सुनते हो  ----------------------

गुरुवार, 18 नवंबर 2010

neta ji

   नेता जी बहुत सहनशील है  हमारा देश ओंर उस के निबासी दिल्ली ओर कर्नाटक में  भ्र्स्ठाचार की गुज सुनाई  दे रही ही पर जनता चुप है  नेता एक दुसरे पर कीचड़ उछाल रहे ओंर देखए दाग भी साफ साफ दिख रहे है  क्योकि सभी सफेद लिबास जो पहने हुए है             शायद गांधी जी को  फिर आना ही होगा तभी इन का हिसाब किताब सही होगा          

बुधवार, 17 नवंबर 2010

संसद में फिर हो हल्ला मचा हुआ किसी को भी फुर्सत नही की दिल्ली में कल कितने आदमी मकान गिरने से मरे ओर बचे का क्या हुआ उन के बच्चो को खाना भी मिला की नही पर संसद जरुर भोजनकाल के लिय एथिगित हुई

सोमवार, 15 नवंबर 2010

hello ji

एक दिन फिर गुजर गया सोचा था कोइ शुभ काम करुगा पर नही हो सका वही जिन्दगी के  रोने दुसरो को देख सपने बुनना अपनी आत्मा से भी झुट बोलना ये आखिर कब तक देखते हेइ भगवन की क्या मर्जी है शुभ रात्रि